India-Japan की वायु सेनाओं का ‘Veer Guardian- 2026’ अभ्यास संपन्न, Tejas और F-2A ने लिया हिस्सा
Indian Air Force और Japan Air Self Defense Force (JASDF) के बीच जोधपुर वायुसेना स्टेशन पर आयोजित 14 दिवसीय संयुक्त वायु रक्षा अभ्यास ‘वीर गार्जियन-2026’ मंगलवार को संपन्न हो गया. अभ्यास का उद्देश्य दोनों वायु सेनाओं के बीच अंतर-संचालनीयता बढ़ाने के साथ-साथ परिचालन सहयोग और रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करना था.
अभ्यास में भारतीय वायु सेना ने सुखोई-30 एमकेआई, राफेल और स्वदेशी हल्के लड़ाकू विमान तेजस समेत विभिन्न प्रकार के लड़ाकू विमानों के साथ हिस्सा लिया. वहीं, जापान वायु आत्मरक्षा बल की ओर से F-2A लड़ाकू विमान ने अभ्यास में भाग लिया.
उन्नत हवाई अभियानों का किया गया अभ्यास
14 दिनों के दौरान दोनों देशों की वायु सेनाओं ने कई उन्नत उड़ान अभियानों में हिस्सा लिया. इनमें दृश्य सीमा के भीतर हवाई युद्ध (Within Visual Range Combat) और समन्वित बहु-विमान अभियानों जैसी गतिविधियां शामिल रहीं. इन अभियानों के जरिए दोनों पक्षों के कर्मियों को एक-दूसरे की परिचालन प्रक्रियाओं और क्षमताओं को समझने का अवसर मिला.

अभ्यास के दौरान आयोजित विशिष्ट अतिथि दिवस पर जापान वायु आत्मरक्षा बल के चीफ ऑफ स्टाफ जनरल ताकेहिरो मोरिता और भारतीय वायु सेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल एपी सिंह जोधपुर वायुसेना स्टेशन पहुंचे. दोनों अधिकारियों ने स्वदेशी तेजस लड़ाकू विमान में उड़ान भी भरी.
जमीनी स्तर पर भी हुआ व्यापक समन्वय
‘वीर गार्जियन-2026’ केवल हवाई अभियानों तक सीमित नहीं रहा. दोनों वायु सेनाओं के कर्मियों के बीच विशेषज्ञ स्तर पर कई बातचीत और पेशेवर गतिविधियां आयोजित की गईं. इनमें विषय विशेषज्ञों के पारस्परिक दौरे, परिचालन चर्चाएं, अभियान योजना सम्मेलन, इंजीनियरिंग से जुड़ी बातचीत और विमान एवं उपकरणों के रखरखाव से संबंधित गतिविधियां शामिल थीं.
इसके अलावा, दोनों पक्षों ने एयरोस्पेस सुरक्षा से जुड़े विषयों पर भी जानकारी और अनुभव साझा किए. इन गतिविधियों से दोनों देशों की भाग लेने वाली टुकड़ियों को एक-दूसरे की कार्यप्रणालियों और परिचालन क्षमताओं को समझने तथा सर्वोत्तम कार्यप्रणालियों से सीखने का अवसर मिला.
भारत-जापान रक्षा सहयोग को मिला बढ़ावा

भारतीय वायु सेना के अनुसार, ‘वीर गार्जियन-2026’ ने दोनों देशों की वायु सेनाओं के बीच पेशेवर संबंधों और आपसी सहयोग को और मजबूत किया. संयुक्त अभ्यास के दौरान साझा परिचालन अनुभव और प्रशिक्षण गतिविधियों ने भारत और जापान के बीच रक्षा सहयोग तथा रणनीतिक साझेदारी को आगे बढ़ाने में योगदान दिया.