Indian Navy को मिला नया प्रशिक्षण जहाज़, स्वदेशी कैडेट ट्रेनिंग शिप ‘Krishna’ का लॉन्च
Indian Navy ने स्वदेशी जहाज़ निर्माण की दिशा में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है. तीन Cadet Training Ships (CTS) में से पहले जहाज़ का औपचारिक लॉन्च 16 फरवरी 2026 को तमिलनाडु के कट्टुपल्ली स्थित L&T Shipbuilding शिपयार्ड में किया गया.
इस ऐतिहासिक अवसर पर देश के Chief of Defence Staff Anil Chauhan की उपस्थिति रही, जबकि जहाज़ का लॉन्च अनुपमा चौहान द्वारा किया गया.
प्रशिक्षण के लिए समर्पित स्वदेशी युद्धपोत
स्वदेशी रूप से डिज़ाइन और निर्मित ये कैडेट ट्रेनिंग शिप्स, Indian Navy के अधिकारी कैडेट्स—पुरुष और महिला दोनों—को समुद्र में व्यावहारिक प्रशिक्षण देने के लिए उपयोग में लाए जाएंगे.
इसके साथ ही, इन जहाज़ों पर मित्र देशों के विदेशी कैडेट्स को भी प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे भारत की रक्षा कूटनीति और सैन्य सहयोग को और मज़बूती मिलेगी.

‘कृष्णा’ नाम और प्रतीक का विशेष अर्थ
पहले CTS का नाम ‘Krishna’ रखा गया है. जहाज़ के क्रेस्ट में पूर्ण विकसित कमल को दर्शाया गया है, जो ज्ञान और प्रबुद्धता का प्रतीक है. यह कमल कृष्णा नदी के तट से उभरता हुआ दिखाया गया है, जो परंपरा, संस्कृति और सीख के संगम को दर्शाता है.
आत्मनिर्भर भारत की दिशा में मजबूत कदम
इस CTS का लॉन्च भारत सरकार के आत्मनिर्भर भारत और मेक इन इंडिया विज़न के अनुरूप है. यह परियोजना दर्शाती है कि भारत अब न केवल युद्धपोत बल्कि विशेष प्रशिक्षण जहाज़ भी पूरी तरह स्वदेशी तकनीक से विकसित करने में सक्षम हो चुका है.

रक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसे प्रशिक्षण पोत भविष्य की नौसेना नेतृत्व क्षमता को मजबूत करने के साथ-साथ भारत को वैश्विक नौसैनिक प्रशिक्षण केंद्र के रूप में स्थापित करने में मदद करेंगे.
कैडेट ट्रेनिंग शिप ‘कृष्णा’ का लॉन्च भारतीय नौसेना की प्रशिक्षण संरचना, स्वदेशी शिपबिल्डिंग और रणनीतिक आत्मनिर्भरता की दिशा में एक बड़ा मील का पत्थर है. आने वाले समय में शेष दो CTS के शामिल होने से भारतीय नौसेना की ट्रेनिंग क्षमता और अधिक सशक्त होगी.