Germany का 3.47 बिलियन डॉलर का रक्षा सौदा, हेलीकॉप्टर और नाइट विज़न सिस्टम से बढ़ेगी ताकत
Germany ने अपने रक्षा आधुनिकीकरण अभियान को एक और बड़ा प्रोत्साहन देते हुए करीब 3.47 अरब अमेरिकी डॉलर (लगभग ₹29,000 करोड़) के रक्षा पैकेज को मंजूरी देने की तैयारी कर ली है.
इस रक्षा पैकेज में 20 हल्के कॉम्बैट हेलीकॉप्टर शामिल हैं, जिन्हें एयरबस SE द्वारा तैयार किया जाएगा. इसके साथ ही, सैनिकों के लिए लगभग 1 लाख नाइट विज़न डिवाइसेस भी खरीदी जाएंगी, जिन्हें Hensoldt AG और THEON International जैसी कंपनियों से लिया जाएगा.
आधुनिक और चुस्त सेना की दिशा में कदम
यह सौदा Germany की उस नीति का हिस्सा है जिसके तहत वह अपने सशस्त्र बलों को तेज़, आधुनिक और अत्याधुनिक तकनीक से लैस कर रहा है. रूस-यूक्रेन युद्ध के बाद यूरोप में सुरक्षा माहौल में आए बदलावों ने Germany को अपनी रक्षा नीति और उपकरणों को नए सिरे से मज़बूत करने के लिए प्रेरित किया है.
Germany को क्या मिलेगी नई क्षमताएं?
- हेलीकॉप्टर बेड़े में वृद्धि — एयरबस के हल्के कॉम्बैट हेलीकॉप्टर जर्मन सेना की तेज़ प्रतिक्रिया क्षमता को बढ़ाएंगे.
- रात में ऑपरेशन की क्षमता — नाइट विज़न डिवाइस से सैनिकों की नाइट-वारफेयर और निगरानी क्षमता में भारी सुधार होगा.
- स्थानीय रक्षा उद्योग को बढ़ावा — जर्मनी अपने घरेलू रक्षा उत्पादन को मज़बूत करने पर ज़ोर दे रहा है, जिससे यूरोपीय रक्षा स्वायत्तता को बल मिलेगा.
विशेषज्ञों का मानना है कि यह सौदा न सिर्फ़ Germany की सैन्य शक्ति को बढ़ाएगा, बल्कि यह यूरोपीय रक्षा उद्योग में सहयोग और आत्मनिर्भरता की दिशा में भी एक बड़ा कदम है. एयरबस, Hensoldt और THEON जैसी कंपनियों के बीच यह साझेदारी भविष्य के संयुक्त यूरोपीय रक्षा प्रोजेक्ट्स की नींव मानी जा रही है.